Shaadi Se Pehle Wa Shaadi Ke Baad Ki Kamjori

Published by: 0

Shaadi Se Pehle Wa Shaadi Ke Baad Ki Kamjori

शादी से पहले व शादी के बाद की कमजोरी-

शादी से पहले की कमजोरी यानी विवाह से पूर्व की गई बचपन गलतियों के कारण आई सेक्स कमजोरी और विवाह के बाद भी सेक्स समस्याओं से ग्रस्त रहना ही मर्दाना कमजोरी या पौरूषशक्ति का दमन है। शादी से पहले की कमजोरी तो फिर भी इतने मायने नहीं रखती, लेकिन अगर विवाह के बाद भी कमजोरी की समस्या बनी रहे, तो पत्नी के सामने शर्मिन्दा भी होना पड़ता है।

शादी से पहले व शादी के बाद की कमजोरी की देसी चिकित्सा-

1. बीज हरमल बिरियां 20 ग्राम, पोस्त खशखाश 10 ग्राम। दोनों को अलग-अलग बारीक पीस मिलाकर 4-4 ग्राम की गोलियाँ बना लें। सुबह-शाम 1-1 गोली मामूली गर्म दूध से प्रयोग करें। शादी से पहले व शादी के बाद की कमजोरी में लाभप्रद हैं।

2. जौ, गेहूँ, उड़द और शाली के चावल समान वजन लेकर चूर्ण बना लें। फिर इसे पूरियों की भांति तलकर खायें और खाने से पहले मीठा दूध पी लें। इससे अत्यधिक पौरूषशक्ति शरीर में पैदा होगी। इसे रात में भी प्रयोग करें।

आप यह आर्टिकल chetanonline.com पर पढ़ रहे हैं..

Shaadi Se Pehle Wa Shaadi Ke Baad Ki Kamjori

3. आयुर्वेदिक ग्रन्थों में लिखा है कि असगन्ध नागौरी, बिधारा की जड़ और शतावर, तीनों को समभाग लेकर अलग-अलग बारीक चूर्ण बनाकर मिला लें। इसके बराबर खाँड पीसकर मिलाकर शीशी में डालें। 6 ग्राम सुबह के समय ताज़ा पानी या गुनगुने गर्म गाय के दूध के साथ और इसी मात्रा में एक मात्रा शाम को खाते रहने से वीर्यप्रमेह, स्वप्नदोष, कमजोरी, पाचन शक्तिहीनता के कष्ट दूर होते हैं। पानी की भांति बहता हुआ पतला वीर्य गाढ़ा होकर मक्खन की भांति गाढ़ा हो जायेगा। मुर्झाया हुआ चेहरा गुलाब की तरह खिल जायेगा। अर्द्धमृत जीवन में एक नई बहार आ जायेगी। कमजोर, दुर्बल एवं निर्बल जीवन वालों के लिए यह एक प्रभावी टाॅनिक है।

4. आवश्यकतानुसार दाल उड़द लें। रात को पानी में भिगो दें। सुबह इसमें दूध सम्मिलित करके इसकी खीर बना लें। 40 दिन निरंतर प्रयोग करें और इस बीच सम्भोग बिल्कुल न करें। इससे अत्यधिक संभोगशक्ति पैदा होगी। पुरूष व स्त्री दोनों इसे प्रयोग कर सकते हैं।

5. कौंच के बीज तथा तालमखाना बराबर वजन में लेकर कूट-पीसकर छान लें। 3 ग्राम गर्म दूध के साथ निरन्तर एक मास तक प्रयोग करें। इसके बाद स्त्री से संभोग करें, तो शीघ्रपतन की शिकायत नहीं होगी और न ही शर्मिन्दगी उठानी पड़ेगी।

6. शादी से पहले व शादी के बाद की कमजोरी के लिए हरमल 150 ग्राम, पोस्त 7 ग्राम, काले तिल 7 ग्राम, गुड़ को आवश्यकतानुसार। इनकी 7 गोलियाँ बना लें। संभोग से पहले 2 घंटे पहले 1-2 गोलियाँ खायें, कमजोरी प्रतीत नहीं होगी।

Shaadi Se Pehle Wa Shaadi Ke Baad Ki Kamjori

7. हरमल(स्पन्द) के बीज बिरियाँ 10 ग्राम, नकछीकनी 50 ग्राम, सफेद मूसली 50 ग्राम, तालमखाना 10 ग्राम, पोस्त खशखाश 50 ग्राम। बारीक पीसकर गाय के एक लिटर दूध में उबालकर चीनी मिलाकर हलवा बना लें। 3 ग्राम अर्द्ध गर्म दूध के साथ लें। शादी से पहले व शादी के बाद की कमजोरी में लाभप्रद है।

8. गोंद कीकर 20 ग्राम, गोंद ढाक, शतावर, काली मूसली, नागौरी असगन्ध, छिली हुई मुलहेठी, बीज तालमखाना प्रत्येक 20 ग्राम, मिश्री 160 ग्राम। मिश्री के अतिरिक्त सब औषधियों का चूर्ण बनायें। तत्पश्चात् इसमें मिश्री पीसकर मिला लें। 9-9 ग्राम सुबह-शाम मामूली गर्म दूध के साथ प्रयोग करें। 90 दिन खाकर देखें, पूर्ण आराम मिलेगा। शादी से पहले व शादी के बाद की कमजोरी के लिए बहुत ही लाभकारी है।

9. अकरकरा 3 ग्राम की जड़ का छिलका, ऊँट कटारा 5 ग्राम, असगन्ध नागौरी 4 ग्राम पीसकर हलवे में मिलाकर 7 दिन तक खिलायें। सात दिन में कमजोर से कमजोर रोगी भी खुशियों को प्राप्त करेगा। कमजोर रोगियों को आधी मात्रा में दें।

10. बिदारीकन्द और कौंच के बीजों के चूर्ण को गेहूँ के आटे में अच्छी प्रकार मिलाकर उसे पानी की सहायता से गूंथ लें तथा उसे पूड़ी के आकार में बेलकर घी में तलें। इन पूड़ियों को मल-मलकर चूरा बना लें एवं खांड तथा मामूली घी मिलाकर 10-10 ग्राम के लड्डू बना लें। सुबह-शाम अपने बलाबल के अनुसार एक या अधिक लड्डू खाकर ऊपर से दूध पी लिया करें। इस योग का प्रयोग करने वाला पुरूष, स्त्री को पूर्ण संतुष्टि प्रदान कर सकता है।

सेक्स समस्या से संबंधित अन्य जानकारी के लिए इस लिंक पर क्लिक करें..http://chetanclinic.com/

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *